Published On:Wednesday, February 12, 2014
Posted by NJFI media
अपनी आत्मा, मन मष्तिष्क, सोच, विचार, कलम, कैमरे और भावनाएं मत बेचो
उज्जैन। राजनीति के पण्डो, गुण्डो, पॅंूजीपतियों, कील धनकुबेरों, कारपोरेट जगत, माफिया समूहो, नौकरशाहों एवं सत्ता के भूखे भेडियो व घडियालो ने नया षडयंत्र रचा।
अब लोगों की आत्मा, मन, मष्तिष्क विचार सोच, चितंन अध्ययन, कलम, कैमरे आध्यात्म व भगवान तक खरीदने के षडयंत्र रचे है। सभी स्वेच्छा से स्वंय बिक रहे है, अपनी आस्था, सोच, निर्णय, मानसिकता व स्वंय को बदल रहे है। जो सस्कारों की परिभाषा व सूत्र बनाते है वे ही स्वंय को बेचने पर गर्वित होते है। सभी का धर्म, ईमान, चरित्र, जीवन यात्रा, लक्ष्य, संस्कार धन हो गया। हर आदमी धन के खातिर अपनी चिता, आध्यात्म एवं भगवान तक बेच रहा। अब मठो, मंदिरों में मोदी आरती गायी जायेगी, मोदी भोग लगाया जायेगा, शराब, सिगरेट स्मेक की पुडियाओं, कन्डोम पर भी मोदी प्रचार की छवि नजर आयेगी, माॅं के गर्भ में भी मोदी प्रचार के पर्चे चिपके हुए नजर आयेगे। मोदी गेंग कहेगी, ये सारी हरकते कांगे्रस, वामपंथियों, सपा, बसपा, आपपार्टी, टीएमसी व जनता परिवार की है।
मोदी गेंग व भाजपा ने भारत को देश की बजाय खरीद फरोख्त की मण्डली बना दिया हैं देश वस्तु है और मोदी बा्रंड बना कर बेचा जा रहा है। मोदी गेंग सभी को खरीद रही है और लोग विक रहे है। जो हकीकत में हो रहा है वही तो प्रसारित कर रहे हैं।


