Published On:Saturday, January 11, 2014
Posted by NJFI media
मोहन भागवत भी समझे
उज्जैन। आपकी बढती लोकप्रियता जनशक्ति का उसमें केन्द्रित होना वंचितों को उनका अधिकार हेतु संघर्षरत, सुव्यवस्था की स्थापना के साक्ष्य बनती आपके महा अभियान से संघ प्रमुख मोहन भागवत भी सदमें है। पॅंूजीपतियों की जमात स्वंय सेवकों की शोषक, झूठे सिद्धांतों की पक्षधर दोहरा व दोगला चरित्रवादी संघ अभी तक किया क्या हैं सरकारों से भूमियाॅं हडपीन्यास बनाकर छद्म सत्तावादी राजनीति की, धन एकत्रित किया, भाजपा को अपना बंधुवा मजदूर बनाये रखा, घिनौने षडयंत्र रचे, हिन्दुत्व का झूठा सिद्धंात अपनाया। पॅंूजीपंतियों कालेधन कुबेरों कारपोरेट जगत के दल्ले, अंहकारी शाब्दिक लफाज मोदी को मुखौआ बनाया। नाजीवादी तरीकों से सत्ता अपहरण का प्रयास किया स्वामी विवेकानंद के विचारों सिद्धांतों व निर्णयों की कू्रर हत्या की। इसके अलावा संघ ने किया ही क्या है।
आप पार्टी देश के नव निर्माण का आंदोलन है। 80 प्रतिशत वंचितों की भावना और मंच है नाजीवादियों पॅंूजीपतियों कारपोरेट जगत भ्रष्टों का कफन है। अपने अपने कफन भी भमके और भाजपा को चेताए की आपको कम न आके। संघ और भाजपा ने तो आपको समाप्त करने के कई षंडयंत्र रचे हैं।


