Published On:Friday, February 28, 2014
Posted by NJFI media
अंबानी और 6530 करोड का हवाला
उज्जैन। प्रशांतभूषण ने अंबानी पर 6530 करोड के हवाले में शरीक होने का आरोप लगाया। सिंगापुर की छोटे से कमरे में चलने वाली, शून्य आमदानी वाली कम्पनी ने अंबानी को 6530 करोड भेजे। इस अवैध कारोबार की सूचना भारत सरकारे को थी, किन्तु उसने कार्यवाही नहीं की। अंबानी की जेब में कांगे्रस भाजपा हमेशा रहती हैं।
मामला गंभीर है, अंबानी व कारपोरेट का मुखौटा मोदी है। धन विकृतियों ने देश, समाज, व्यवस्था, आध्यात्म, चरित्र व सुसंस्कारों को विकृत किया है। धन विकृत समाप्त होना अनिवार्य है। उपाय है की देश में अमीरी की सीमा तय हो, परिवार चाहे वह विभक्त हो या संयुक्त उसे इकाई बनाया जाऐ चल अचंल संपत्ति की सीमा रेखा रहे, आतिक्षेप राजसात करने की संवैधानिक व्यवस्था हो, देश की जमीन व प्राकृतिक सम्पदा का मालि देश हो व्यक्तिगत चल अचंल संपत्ति के मौलिक अधिकार को संशोधित किया जाए। भ्रष्टाचार धन व भूमि विकृति समाप्त होगी। अंबानी, पॅंूजीपति, कालेधन कुबेर, कारपोरेट साधू संत व आध्यात्मिक व सभी प्रतिष्ठानों का चरित्र सुधरेगा। धन विकृति समाप्ति समाप्त करना सच्चा व प्रथम देश धर्म हैं।


